नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG 2026 का आयोजन आज 21 जून को देशभर में किया जा रहा है। इस वर्ष परीक्षा में 22 लाख से अधिक अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। पिछले वर्षों में परीक्षा को लेकर सामने आए विवादों और अनियमितताओं के आरोपों के बाद इस बार केंद्र सरकार, राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) और राज्य सरकारों ने परीक्षा को निष्पक्ष एवं पारदर्शी बनाने के लिए अभूतपूर्व सुरक्षा इंतजाम किए हैं। परीक्षा शुरू होने से पहले ही सभी राज्यों के प्रशासन, पुलिस विभाग और परीक्षा अधिकारियों को विशेष निर्देश जारी किए गए हैं। परीक्षा केंद्रों पर किसी भी प्रकार की अव्यवस्था, तकनीकी समस्या या सुरक्षा संबंधी चूक न हो, इसके लिए 20 जून को देशभर में मॉक ड्रिल भी आयोजित की गई थी। इधर परीक्षा से पहले केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उन्हें NTA, राज्य सरकारों, जिला प्रशासन और देश की शिक्षा व्यवस्था पर पूरा भरोसा है। उन्होंने कहा कि लगभग 22 लाख छात्र इस महत्वपूर्ण परीक्षा में शामिल हो रहे हैं और सभी विद्यार्थियों को बिना किसी भय, दबाव या चिंता के परीक्षा देनी चाहिए। उन्होंने छात्रों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि कठिन परिश्रम करने वाले विद्यार्थियों को निश्चित रूप से सफलता मिलेगी। केंद्रीय मंत्री ने समाज के विभिन्न वर्गों से भी अपील करते हुए कहा कि देश की नई पीढ़ी के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा से ठीक पहले अफवाहों, भ्रामक सूचनाओं और अनावश्यक विवादों से बचना जरूरी है ताकि छात्रों की मानसिक स्थिति प्रभावित न हो।
551 शहरों में बनाए गए 5,440 परीक्षा केंद्र
राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी के अनुसार इस वर्ष NEET-UG परीक्षा का आयोजन देश के 551 शहरों में किया जा रहा है। इसके अलावा विदेशों में स्थित 14 परीक्षा केंद्रों पर भी परीक्षा आयोजित होगी। परीक्षा अंग्रेजी सहित 12 भारतीय भाषाओं में आयोजित की जाएगी ताकि विभिन्न राज्यों के अभ्यर्थियों को उनकी सुविधा के अनुसार परीक्षा देने का अवसर मिल सके। देशभर में परीक्षा के लिए 95 हजार से अधिक परीक्षा कक्ष तैयार किए गए हैं, जहां लाखों विद्यार्थी एक साथ परीक्षा देंगे।
1.38 लाख CCTV कैमरों से होगी निगरानी
परीक्षा की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए इस बार निगरानी व्यवस्था को पहले से कहीं अधिक मजबूत बनाया गया है। NTA के अनुसार परीक्षा केंद्रों और परीक्षा कक्षों की निगरानी के लिए 1,38,560 CCTV कैमरे लगाए गए हैं। इन कैमरों के माध्यम से परीक्षा प्रक्रिया पर लगातार नजर रखी जाएगी। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नियंत्रण कक्ष तक पहुंचाई जाएगी, जिससे आवश्यक कार्रवाई तत्काल की जा सके।
नकल रोकने के लिए 51,311 जैमर्स तैनात
इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के माध्यम से नकल रोकने के लिए देशभर के परीक्षा केंद्रों पर 51,311 जैमर्स लगाए गए हैं। इनमें— 17,054 जैमर्स इलेक्ट्रॉनिक्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (ECIL) द्वारा उपलब्ध कराए गए हैं। 34,257 जैमर्स भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) द्वारा उपलब्ध कराए गए हैं। इन जैमर्स की मदद से मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस और अन्य वायरलेस संचार उपकरणों के उपयोग को रोका जाएगा।
बायोमेट्रिक सत्यापन और कड़ी जांच व्यवस्था
परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। NTA के अनुसार, 38,798 फ्रिस्किंग कर्मियों की तैनाती की गई है। वहीं 48,448 बायोमेट्रिक सत्यापन कर्मी अभ्यर्थियों की पहचान की पुष्टि करेंगे। प्रत्येक छात्र को बायोमेट्रिक जांच और पहचान सत्यापन की प्रक्रिया से गुजरना होगा ताकि किसी प्रकार की फर्जीवाड़े की संभावना समाप्त की जा सके।